राजस्थान के कोटा-कोचिंग से बच्चों को लाने बसों का काफिला रवाना हुआ
रायपुर, 24 अप्रैल। राजस्थान के कोटा में कोचिंग के लिए गए हुए छत्तीसगढ़ के डेढ़ हजार से अधिक छात्र-छात्राओं को लाने के लिए आज देर शाम राजधानी रायपुर से बसों का एक काफिला रवाना हुआ।
पुलिस ग्राऊंड से शाम साढ़े 7 बजे से बसें निकलना शुरू हुईं, और उनके साथ पुरूष व महिला पुलिस कर्मचारी भी हैं जो कि लौटते समय छात्र-छात्राओं के साथ बसों में आएंगे। इसके अलावा इस काफिले में पुलिस की गाडिय़ां भी हैं, और एम्बुलेंस भी साथ जा रही है। हर बस के साथ जाने वाले लोगों के नाम नंबर नोट करके उन्हें रवाना किया गया।
प्रदेश के 16 सौ से अधिक विद्यार्थी कोटा में रहकर आईआईटी और सीपीएमटी की तैयारी कर रहे हैं। राजस्थान में कोरोना का संक्रमण बढ़ रहा है। इससे विद्यार्थियों और उनके पालक काफी परेशान हैं। विद्यार्थियों के पालकों ने राज्य सरकार से गुहार लगाई थी कि किसी तरह उनके बच्चों को वापस लाया जाए। उत्तरप्रदेश और मध्यप्रदेश सरकार भी अपने विद्यार्थियों को कोटा से निकाल चुकी हैं। इसके बाद छत्तीसगढ़ सरकार पर भी दबाव बढ़ गया था। इस पर मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने गुरूवार को केन्द्रीय गृहमंत्री अमित शाह से फोन पर चर्चा भी की थी।
श्री बघेल ने बच्चों को वापिस लाने के लिए केन्द्रीय गृहमंत्रालय से सहमति मांगी थी। श्री शाह से चर्चा के बाद अब विद्यार्थियों को वापिस लाने बसें भेजी जा रही हैं।
इससे पहले मुख्यमंत्री ने राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत से भी चर्चा की थी। श्री गहलोत ने भी उन्हें हर संभव मदद का भरोसा दिलाया था। राज्य सरकार ने पालकों को संबंधित जिले में विद्यार्थियों का पूरा ब्यौरा जमा करने के लिए कहा था। साथ ही साथ विद्यार्थियों को भी इसकी जानकारी भेजी गई है। सबसे ज्यादा रायपुर के विद्यार्थी कोटा में पढ़ रहे हैं। इसके अलावा बिलासपुर, अंबिकापुर, जगदलपुर और दुर्ग के भी विद्यार्थी हैं। इन सभी को यहां लाने के बाद संबंधित जिले के सरकारी क्वारंटाइन में रखा जाएगा। 14 दिन बाद ही किसी तरह का संक्रमण न होने की दशा में उन्हें घर जाने की अनुमति होगी।


